mantra sangrah

अक्षरों को क्रमबद्ध तरीके से उच्चारण करने से जो ध्वनि उत्पन्न होती है, उसे मंत्र कहते है । मंत्र के प्रकार  – वैदिक मंत्र , शबर मंत्र, बीज मंत्र आदि

गुप्त श्री सिद्ध कुंजिका स्तोत्र – Siddha Kunjika Stotram

Siddha Kunjika Stotram महात्म :- Siddha Kunjika Stotram वास्तव में सफलता की कुंजी है। इसके बिन सप्तशती का पाठ पुर्ण नहीं माना जाता है। षट्कर्म में भी Siddha Kunjika Stotram रामबाण की तरह कार्य करता है परंतु जब तक इसकी ऊर्जा को साधक अपने में समाहित नहीं कर लेता है तब तक इस का पूर्ण […]

गुप्त श्री सिद्ध कुंजिका स्तोत्र – Siddha Kunjika Stotram Read More »

Gayatri Mantra | विभिन्न देवी – देवताओं के गायत्री मंत्र

ऋग्वेद में Gayatri Mantra को ॐ के समतुल्य बताया गया है हमारे सनातन धर्म में सभी देवी देवताओं के लिए विशेष मंत्र बताएं गए है , जिससे इनकी अराधना भी जाती है । किंतु इन मंत्रों के साथ साथ प्रत्येक देवी देवताओं के लिए Gayatri Mantra भी बताएं गए है , जिससे इसकी महत्ता और

Gayatri Mantra | विभिन्न देवी – देवताओं के गायत्री मंत्र Read More »

Shri Ganpati Atharvashirsha – गणपत्यथर्वशीर्​षोपनिषत्

Shri Ganpati Atharvashirsha का नित्य पाठ करें से समस्त सुखों को प्राप्त किया जा सकता है। इस पाठ का प्रारंभ सप्ताह के बुधवार से प्रारंभ करता चाहिए । श्री गणपत्यथर्वशीर्​षोपनिषत् गणपत का अत्यंत प्रिय है। किसी कार्य में यदि सफलता प्राप्त करनी हो तो वह एक प्रयोग करें वह 3 महीने लगातार इस स्त्रोत का

Shri Ganpati Atharvashirsha – गणपत्यथर्वशीर्​षोपनिषत् Read More »

Madhurashtakam – श्रीमद्वल्लभाचार्यविरचितं मधुराष्टकं

मधुराष्टकम्-Madhurashtakam अधरं मधुरं वदनं मधुरंनयनं मधुरं हसितं मधुरम् ।हृदयं मधुरं गमनं मधुरंमधुराधिपतेरखिलं मधुरम् ॥ 1 ॥ वचनं मधुरं चरितं मधुरंवसनं मधुरं वलितं मधुरम् ।चलितं मधुरं भ्रमितं मधुरंमधुराधिपतेरखिलं मधुरम् ॥ 2 ॥ Read more : Shri Vishnu Aarti Lyrics – श्री विष्णु आरती वेणु-र्मधुरो रेणु-र्मधुरःपाणि-र्मधुरः पादौ मधुरौ ।नृत्यं मधुरं सख्यं मधुरंमधुराधिपतेरखिलं मधुरम् ॥ 3 ॥ गीतं

Madhurashtakam – श्रीमद्वल्लभाचार्यविरचितं मधुराष्टकं Read More »

Sri Saraswati Stotram – Ya Kundendu Tushara

Sri Saraswati Stotram श्री सरस्वती स्तोत्रम् या कुंदेंदु तुषारहारधवला या शुभ्रवस्त्रावृताया वीणावरदंडमंडितकरा या श्वेतपद्मासना ।या ब्रह्माच्युत शंकरप्रभृतिभिर्देवैस्सदा पूजितासा मां पातु सरस्वती भगवती निश्शेषजाड्यापहा ॥ 1 ॥ दोर्भिर्युक्ता चतुर्भिः स्फटिकमणिनिभै रक्षमालांदधानाहस्तेनैकेन पद्मं सितमपिच शुकं पुस्तकं चापरेण ।भासा कुंदेंदुशंखस्फटिकमणिनिभा भासमानाzसमानासा मे वाग्देवतेयं निवसतु वदने सर्वदा सुप्रसन्ना ॥ 2 ॥ सुरासुरैस्सेवितपादपंकजा करे विराजत्कमनीयपुस्तका ।विरिंचिपत्नी कमलासनस्थिता सरस्वती नृत्यतु वाचि

Sri Saraswati Stotram – Ya Kundendu Tushara Read More »

Sri Raja Rajeswari Ashtakam – श्री राजराजेश्वर्यष्टकम्

Sri Raja Rajeswari Ashtakam श्री राज राजेश्वरी अष्टकम् अंबा शांभवि चंद्रमौलिरबलाऽपर्णा उमा पार्वतीकाली हैमवती शिवा त्रिनयनी कात्यायनी भैरवीसावित्री नवयौवना शुभकरी साम्राज्यलक्ष्मीप्रदाचिद्रूपी परदेवता भगवती श्रीराजराजेश्वरी ॥ 1 ॥ अंबा मोहिनि देवता त्रिभुवनी आनंदसंदायिनीवाणी पल्लवपाणि वेणुमुरलीगानप्रिया लोलिनीकल्याणी उडुराजबिंबवदना धूम्राक्षसंहारिणीचिद्रूपी परदेवता भगवती श्रीराजराजेश्वरी ॥ 2 ॥ अंबा नूपुररत्नकंकणधरी केयूरहारावलीजातीचंपकवैजयंतिलहरी ग्रैवेयकैराजितावीणावेणुविनोदमंडितकरा वीरासनेसंस्थिताचिद्रूपी परदेवता भगवती श्रीराजराजेश्वरी ॥ 3 ॥ अंबा

Sri Raja Rajeswari Ashtakam – श्री राजराजेश्वर्यष्टकम् Read More »

Kalabhairavashtakam – श्री काल भैरव अष्टकम्

Shri Kalabhairavashtakam देवराज सेव्यमान पावनांघ्रि पंकजंव्यालयज्ञ सूत्रमिंदु शेखरं कृपाकरम् ।नारदादि योगिबृंद वंदितं दिगंबरंकाशिकापुराधिनाथ कालभैरवं भजे ॥ 1 ॥ भानुकोटि भास्वरं भवब्धितारकं परंनीलकंठ मीप्सितार्ध दायकं त्रिलोचनम् ।कालकाल मंबुजाक्ष मस्तशून्य मक्षरंकाशिकापुराधिनाथ कालभैरवं भजे ॥ 2 ॥ Kalabhairavashtakam शूलटंक पाशदंड पाणिमादि कारणंश्यामकाय मादिदेव मक्षरं निरामयम् ।भीमविक्रमं प्रभुं विचित्र तांडव प्रियंकाशिकापुराधिनाथ कालभैरवं भजे ॥ 3 ॥ भुक्ति मुक्ति दायकं

Kalabhairavashtakam – श्री काल भैरव अष्टकम् Read More »

Daridraya Dahana Stotram – दारिद्र्य दहन शिव स्तोत्रम्

दारिद्र्य दहन शिव स्तोत्रम् – Daridraya Dahana Stotram विश्वेश्वराय नरकार्णव तारणायकर्णामृताय शशिशेखर धारणाय ।कर्पूरकांति धवलाय जटाधरायदारिद्र्यदुःख दहनाय नमश्शिवाय ॥ 1 ॥ गौरीप्रियाय रजनीश कलाधरायकालांतकाय भुजगाधिप कंकणाय ।गंगाधराय गजराज विमर्धनायदारिद्र्यदुःख दहनाय नमश्शिवाय ॥ 2 ॥ भक्तप्रियाय भवरोग भयापहायउग्राय दुःख भवसागर तारणाय ।ज्योतिर्मयाय गुणनाम सुनृत्यकायदारिद्र्यदुःख दहनाय नमश्शिवाय ॥ 3 ॥ चर्मांबराय शवभस्म विलेपनायफालेक्षणाय मणिकुंडल मंडिताय ।मंजीरपादयुगलाय जटाधरायदारिद्र्यदुःख

Daridraya Dahana Stotram – दारिद्र्य दहन शिव स्तोत्रम् Read More »

Sri Saraswati Ashtottara Shatanamavali Stotram

Sri Saraswati Ashtottara Shatanamavali Stotram ॐ श्री सरस्वत्यै नमः ॥ 1 ॥ ॐ महाभद्रायै नमः ॥ 2 ॥ ॐ महामायायै नमः ॥ 3 ॥ ॐ वरप्रदायै नमः ॥ 4 ॥ ॐ श्रीप्रदायै नमः ॥ 5 ॥ ॐ पद्मनिलयायै नमः ॥ 6 ॥ ॐ पद्माक्ष्यै नमः ॥ 7 ॥ ॐ पद्मवक्त्रिकायै नमः ॥ 8 ॥ ॐ

Sri Saraswati Ashtottara Shatanamavali Stotram Read More »

Saraswati Ashtottara Shatanama Stotram – श्री सरस्वत्यष्टोत्तरशतनामस्तोत्रं

Saraswati Ashtottara Shatanama Stotram श्री सरस्वत्यष्टोत्तरशतनामस्तोत्रं स सरस्वती महाभद्रा महामाया वरप्रदा ।श्रीप्रदा पद्मनिलया पद्माक्षी पद्मवक्त्रिका ॥ 1 ॥ शिवानुजा पुस्तकहस्ता ज्ञानमुद्रा रमा च वै ।कामरूपा महाविद्या महापातकनाशिनी ॥ 2 ॥ महाश्रया मालिनी च महाभोगा महाभुजा ।महाभागा महोत्साहा दिव्यांगा सुरवंदिता ॥ 3 ॥ महाकाली महापाशा महाकारा महांकुशा ।सीता च विमला विश्वा विद्युन्माला च वैष्णवी ॥ 4

Saraswati Ashtottara Shatanama Stotram – श्री सरस्वत्यष्टोत्तरशतनामस्तोत्रं Read More »

Shiv Mahimna Stotram – श्री शिव महिम्ना स्तोत्रम्

Shiv Mahimna Stotram – श्री शिव महिम्ना स्तोत्र की रचना, भगवान शिव के बड़े पार्षद पुष्पदंत ने की , जो भगवान शिव के लिए पुष्पों का प्रबंध करते थे। रात्रि में वे सुंदर और सुगंधित पुष्पों को राजा की पुष्प वाटिका से चुरा कर भगवान शिव के मंदिर ले जाते थे। राजा ने अदृश्य चोर

Shiv Mahimna Stotram – श्री शिव महिम्ना स्तोत्रम् Read More »

Shiva Sahasranam Stotram – श्री शिव सहस्रनाम स्तोत्रम्

Shiva Sahasranam Stotram श्री शिव सहस्रनाम स्तोत्रम् ॐ स्थिरः स्थाणुः प्रभुर्भानुः प्रवरो वरदो वरः ।सर्वात्मा सर्वविख्यातः सर्वः सर्वकरो भवः ॥ 1 ॥ जटी चर्मी शिखंडी च सर्वांगः सर्वांगः सर्वभावनः ।हरिश्च हरिणाक्शश्च सर्वभूतहरः प्रभुः ॥ 2 ॥ प्रवृत्तिश्च निवृत्तिश्च नियतः शाश्वतो ध्रुवः ।श्मशानचारी भगवानः खचरो गोचरोऽर्दनः ॥ 3 ॥ अभिवाद्यो महाकर्मा तपस्वी भूत भावनः ।उन्मत्तवेषप्रच्छन्नः सर्वलोकप्रजापतिः

Shiva Sahasranam Stotram – श्री शिव सहस्रनाम स्तोत्रम् Read More »

error: